परमाणु ऊर्जा कितनी मददगार, कितनी ख़तरनाक?
पर्यावरण से जुड़ा जो सबसे बड़ा ख़तरा हमारे सामने है, वो है जलवायु परिवर्तन.
दुनिया जहान: अंतरराष्ट्रीय विषयों की गहन पड़ताल करता कार्यक्रम

पर्यावरण से जुड़ा जो सबसे बड़ा ख़तरा हमारे सामने है, वो है जलवायु परिवर्तन.
अमेरिका के शिकागो शहर में होने वाली हत्याओं का आंकड़ा डराने वाला है.
डर उत्प्रेरक का काम करता है लेकिन हावी हो जाए तो मानसिक रूप से बीमार बना सकता है.
दशकों से जंग की आग में झुलसते अफ़ग़ानिस्तान से अमेरिकी सैनिकों की विदाई का कार्यक्रम तय.
लॉकडाउन, सोशल डिस्टेंसिंग से लेकर वर्क फ्रॉम होम तक कोरोनाकाल में कई बदलाव दिख रहे हैं.
कोविड-19 पर जीत का एलान करने वाला भारत इस वायरस के आगे क्यों हो गया पस्त. एक पड़ताल
कन्कशन, यानी सिर की वो चोट जिसका असर कुछ वक़्त के लिए माना जाता है, चिंता का सबब बन गई है.
रिपोर्टों के मुताबिक इस्लामिक स्टेट अफ़्रीका में अपना दायरा बढ़ाने की कोशिश में है.
तमाम लोग हर वक़्त स्मार्ट फ़ोन की स्क्रीन पर आंखें क्यों जमाए रहते हैं, एक पड़ताल
जिहाद का रास्ता चुनने वाले लोग क्या बाकी लोगों से कुछ अलग होते हैं, एक पड़ताल.
'किलर रोबोट' के इस्तेमाल के कितने फ़ायदे और कितने नुक़सान, एक पड़ताल.
1948 में इटली गणराज्य बनने के बाद औसतन लगभग हर साल एक प्रधानमंत्री ने अपना इस्तीफ़ा दिया.
दावा है कि दुनिया के करीब 30 फ़ीसदी लोग कभी न कभी मानसिक दिक्कत का सामना करते हैं.
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के आलोचक नवेलनी वतन वापसी के बाद से जेल में हैं.
तख़्तापलट का विरोध करने वालों पर सेना की सख़्ती
'स्पेस रेस' की वजह से धरती की निचली कक्षा में काफी कचरा पैदा हो गया है.
कई विशेषज्ञ आशंका जता रहे हैं कि दुनिया की एक बड़ी आबादी को ताउम्र काम करना पड़ सकता है.
ट्विटर और फ़ेसबुक जैसी कंपनियों पर ताक़त के ग़लत इस्तेमाल के आरोप कितने सही, सुनिए.
कुछ बरसों में रोबोट हर काम करने लगेंगे जो इंसान करते हैं. आपकी नौकरी भी ख़तरे में हैं?
जर्मनी की चांसलर एंगेला मर्केल का कार्यकाल अक्टूबर में पूरा हो रहा है.
हिमालय की ऊंचाई से लेकर समंदर की गहराई तक, कचरा तो हर जगह है.
एंटी-बायोटिक्स हमारे शरीर में बैक्टीरिया से होने वाले इंफेक्शन को रोकने में मदद करते हैं.
आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस ने जीव-विज्ञान की दशकों पुरानी समस्या का समाधान कर दिया है.
दुनिया भर में उम्र के असर को कम करने के लिए कई रिसर्च हो रहे हैं.
धर्मनिरपेक्षता से जुड़े सिद्धांतों को लेकर फ्रांस को कठघरे में खड़ा किया जा रहा है.
ट्रंप राष्ट्रपति चुनाव के नतीजों को ख़ारिज करते रहे हैं, लेकिन उनकी विदाई तय है.
कई कंपनियों की वैक्सीन के कामयाब होने की घोषणा हुई है. कैसे मिलेगी दुनिया को ये वैक्सीन?
विज्ञान की भाषा में इसे टाइम ट्रैवल कहते हैं, लेकिन क्या ये वाकई संभव है.
वैज्ञानिक भी दंग रह गए जब उन्होंने इसके बारे में पहली बार सुना.
आख़िर क्यों सड़कों पर उतरे हैं नौजवान और क्यों विरोध ख़त्म होने का नाम नहीं ले रहा.