अफ़ग़ानिस्तान में भुखमरी के हालात, संकट से कैसे निपटेगा तालिबान? – दुनिया जहान
अफ़ग़ानिस्तान के 2 करोड़ 30 लाख लोगों के सिर पर भुखमरी का ख़तरा मंडरा रहा है.
दुनिया जहान: अंतरराष्ट्रीय विषयों की गहन पड़ताल करता कार्यक्रम

अफ़ग़ानिस्तान के 2 करोड़ 30 लाख लोगों के सिर पर भुखमरी का ख़तरा मंडरा रहा है.
वो चार घटनाएं जिनके कारण हम साल 2021 को कभी भूल नहीं पाएंगे.
महंगाई पर काबू करने के लिए केंद्रीय बैंक ब्याज दरें बढ़ाती हैं, लेकिन ये दोधारी तलवार है.
डब्ल्यूएचओ ने ओमिक्रॉन को "चिंता का विषय" बताया है.
एलियन्स की खोज कहां तक पहुंची? धरती से परे जीवन के बारे में अब तक हमें क्या पता चला?
भारत समेत करीब आधा दर्जन देश इस तकनीक के विकास में करोड़ों डॉलर निवेश कर रहे हैं.
मेटावर्स क्या है और फ़ेसबुक इसमें अरबों डॉलर का निवेश क्यों करना चाहता है.
अमेरिका, चीन और रूस अरबों डॉलर खर्च कर हाइपरसोनिक मिसाइलें बना रहे हैं.
पूरी दुनिया के बाज़ारों में सामान की अभाव क्यों है और कब तक स्थिति सामान्य होगी.
साल 2030 तक वनक्षेत्र बढ़ाने का जो लक्ष्य है क्या हम वो हासिल कर पाएंगे.
जानकार मानते हैं कि 2050 तक दुनिया की आधी आबादी ऐसे इलाक़ों में रहेगी जहां जल संकट होगा.
कुछ महीनों पहले अफवाह फैली कि कोरोना वायरस 5जी तकनीक के कारण फैल रहा है. सच्चाई क्या है?
कर्ज़ पर कंपनियों की निर्भरता कम करने के लिए हाल में चीन की सरकार ने एक नया क़नून लागू किया है. इसका असर ये हुआ है कि देश की दूसरी सबसे बड़ी रियल एस्टेट डेवेलपमेन्ट कंपनी एवरग्रैंड दिवालिया होने की कग़ार पर पहुंच गई. मौजूदा वक्त में सरकार के लिए ये बेहद ज़रूरी है कि वो अर्थव्यवस्था पर इसका असर न पड़ने दे. लेकिन उसके सामने एवरग्रैंड से भी बड़ी एक और चुनौती खड़ी है. बिजली संकट के कारण देश के कई इलाक़ों में फैक्ट्रियों को काम रोकना पड़ रहा है. चीन वैश्विक सप्लाई चेन का अहम हिस्सा है और बिजली संकट क...
कुछ दशकों में दुनिया की आबादी 11 अरब हो जाएगी. क्या हम सभी के लिए ज़रूरी अनाज उगा पाएंगे.
टेक्सस के नए गर्भपात क़ानून के अनुसार छह सप्ताह के भ्रूण का गर्भपात करना अवैध है.
अधिकतर मुल्कों में अरबपति अपनी संपत्ति के हिसाब से बेहद कम टैक्स देते हैं.
9/11 के चरमपंथी हमलों के बाद अमेरिका की जवाबी प्रतिक्रिया का नतीजा क्या निकला?
बीते दो दशकों में चार अमेरिकी राष्ट्रपतियों ने अफ़ग़ानिस्तान अभियान से जुड़े फ़ैसले लिए.
जीने-मरने जैसी परिस्थिति में रोबोट कैसे फ़ैसला लेगा? क्या वो इंसानों की तरह सोच सकेगा?
क्या हमारे फ़ोन का इस्तेमाल हमारे ही ख़िलाफ़ किया जा सकता है.
दुनिया के लिए जीवाश्म ईंधन को अलविदा कहना कितना आसान होगा, क्या कहते हैं एक्सपर्ट
विश्लेषकों की राय में पूर्व राष्ट्रपति की गिरफ़्तारी समेत कई मुद्दों के चलते हिंसा हुई.
हर साल लाखों लोग आत्महत्या कर लेते हैं. इनमें बड़ी संख्या किशोरों और युवाओं की होती है.
चीन आबादी बढ़ाने की कोशिशों में लगा है. लेकिन क्या वहां का समाज इसके लिए तैयार है?
पड़ताल कनाडा के रेज़िडेन्शियल आदिवासी स्कूलों के इतिहास की.
घनी आबादी वाले शहरों में शव दफ़नाने के लिए ज़मीन कम पड़ने लगी है.
कई देश अब गांजे को अपराध से बाहर कर इसके इस्तेमाल को मंज़ूरी दे रहे हैं.
दक्षिण चीन सागर के इलाक़े पर चीन की इतनी दिलचस्पी क्यों है?
अब तक पता नहीं चल पाया कि कोरोना वायरस चीन में वुहान के सी-फ़ूड मार्केट तक पहुंचा कैसे.
इसकी वजह लड़कियों का ज़्यादा होशियार होना है या कुछ और?