निर्धन का धन
कहानी ग़रीब ब्राह्मणकी

कहानी ग़रीब ब्राह्मणकी
हमें बचाने वाला, मारने वाले से बड़ा होता है, उठाने वाला, गिराने वाले से बड़ा होता है, सदा हमें बनाए रखने वाले पर विश्वास रखना चाहिएल
जाँबाज़ गंडा भील की तरह जियो, बहादुरी, निडरता, और आत्मसम्मान के साथ!
लालच और ईर्ष्या विषैला मैल हैं जो यदि आत्मा पर चढ़ जायें तो बस अनर्थ करके छोड़ते हैं! सदा दूसरों की प्रसन्नता में ख़ूब प्रसन्न होईए, और दिल से उन्हें और तरक़्क़ी करने की ड़आएँ दीजिये, यहीं आपकी ख़ुशहाली का भी आधार बनेंगी!!
सही तालमेल हो यदि आपकी टीम में, तो काम में भी भंडार खड़े हो जाएं, अन्यथा ज्यादा मिला भी बेकार!
महापुरुषों की वाणी में बड़ी ताक़त होती है, विपरीत बुद्धि को सही रास्ता दिखा, मनुष्य के स्वाभाविक उच्च गुण जैसे कि क्षमा, प्रेम, करुणा को उजागर कर सकती है!
ख़ुशामद पसंद कभी मत बनिए, कोई अपना उल्लू सीधा करने और आपको उल्लू बनाने के चक्कर में तो नहीं?
साहस, बुद्धि - विवेक, और सही युक्ति से बड़े से बड़े बिगड़े काम सुधर जाते हैं। आइए जाने कैसे विधवा स्त्री को वापस मिली उसकी ज़मीन।
कविश्वर का निरादर करना पड़ा बड़ा महँगा राजा गंग को! समाज में संतोंकी, कवियों की ख़ास जगह होती है, और वह उनको मिलनी ही चाहिए, वरना बड़ा अनर्थ हो सकता है!
कैसे बने संत श्री नामदेव एक पक्के घड़े, गोरा कुम्हार और भक्त बिसोवाजी की मदद से! जाने इस कहानी की द्वारा
प्रसिद्ध कवि एवं संत एकनाथ के जीवन से ली गई कथा है, बड़ी रोचक व प्रेरणादायक!
कैसे मिले थे संत गोस्वामी तुलसीदासजीको श्री राम प्रभु के दर्शन, कैसे हुईप्रेरणा रामचरितमानस को रचने की!
ब्रह्मचर्य, गृहस्थ, वानप्रस्थ, और सन्यास ऐसे चार आश्रम अनिवार्य हैं। मेंढक बनना पड़ सकता है, यदि ब्याह किए बिना ही मोक्ष की इच्छा की!
कैसे मिला गणेशजी को उनका वाहन जोकि एक मूषक है! जानते हैं इस रोचक कहानी के द्वारा
यमुना नदी, तापती नदी, यम देवता के माँ पिताजी कौन थे? जानते हैं इस रोचक कहानी के द्वारा
अष्टांग योग की जानकारी सरल भाषा में, जानिए और ओजस्वी बनिये
हमारी अमूल्य धरोहर योग के विषय में बच्चों को सहज समझ आए इस तरह से जानिये। योग एक जीवन पद्धति है जो आपके जीवन को उर्ध्व्गामी बनाता है, तथा बेहतर चरित्र निर्माण करता है।
छोटी छोटी बातें यदि युक्तिपूर्वक संभाल ली जायें तो बड़े झगड़े होने से बच जायें!
हमारे प्रमुख तीर्थ जगन्नाथपुरी का जन्म कैसे हुआ, आइये जाने इस कहानी के माध्यम से
दूसरों की देखादेखी जीवन व्यतीत करना क्या उचित है? जानिये इस कहानी सेल
बड़ी महिमा है भूखे के पेट भरने की, जानते हैं इस कहानी से
क्यों हम दूसरों की ईश्वर भक्ति के तरीके स्वीकार नहीं करते?
कथक टोली भला सिर पर पैर रख कर क्यों भाग गई, भई माजरा क्या था? जानने के लिए सुने कहानी कथक।
बीरबल साहब ने अपनी सूझबूझ से फिर मात दी अपने खिलाफ अकबर को भड़काने वाले की
नियम हमारे लिए या फिर हम नियम के लिए? आइए जानते हैं, इस कहानी के जरिए
हनुमानजी रामायण के वीर नायक हैं, इन्हें संकट मोचन भी कहते हैं, यानि सभी संकटों को हरने वाले। इन्हीं की महिमा कहती हुई कहानी प्रस्तुत है, खास बच्चों के लिए।
मेहनत के बाद मिले फल को यदि कोई और हजम कर जाए तो...
मैने क्या देखा और तुमने क्या देखा, वस्तु वही नजरिया अलग!
आप यदि होंगे पढ़े लिखे तो कभी सियार मामा के चकमे में नहीं आएंगे!
राजा अपने किस भेद के कारण उदास था? क्या हम सब को समान रूप से हर चीज मिलनी चाहिए? क्या रंग रूप शारीरिक बनावट से ही हमारी पहचान होनी चाहिए?